Zydus Cadila की सुई-मुक्त कोविड-19 वैक्सीन को मंजूरी दी जाएगी

भारत को जल्द ही अपना छठा कोविड-19 वैक्सीन मिल जायेगा क्योंकि दवा कंपनी जायडस कैडिला (Zydus Cadila) की सुई-मुक्त कोविड-19 वैक्सीन जिसे ‘ZyCoV-D’ कहा जाता है, को आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण (EUA) की मंजूरी मिलने जा रही है।

मुख्य बिंदु

  • वर्तमान में, भारत सरकार ने कोविड-19 के लिए 5 टीकों को अधिकृत किया है, इनमे कोवैक्सिन, कोविशील्ड, स्पुतनिक वी, मॉडर्ना वैक्सीन और जॉनसन एंड जॉनसन की सिंगल-डोज़ वैक्सीन।

  • Zydus Cadila ने अपनी तीन खुराक वाली COVID-19 वैक्सीन के लिए भारतीय दवा नियामक के साथ आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण (EUA) के लिए आवेदन किया और सालाना 10-12 करोड़ खुराक बनाने की योजना बनाई है।

  • कंपनी ने भारत में 50 से अधिक केंद्रों पर अपने COVID-19 वैक्सीन के लिए सबसे बड़ा क्लिनिकल परीक्षण किया।

  • पहली बार इस टीके का परीक्षण भारत में 12-18 वर्ष आयु वर्ग की किशोर आबादी में किया गया।

  • परीक्षण में यह टीका सुरक्षित पाया गया।

भारत में वैक्सीन को अधिकृत कौन करेगा?

कंपनी ने ZyCoV-D नामक प्लास्मिड डीएनए वैक्सीन के लिए ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (DCGI) के कार्यालय में आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण (EUA) के लिए आवेदन किया है।

निर्माण के लिए नई सुविधा

बड़े पैमाने पर वैक्सीन का उत्पादन करने के लिए जुलाई के अंत में ZyCov-D के निर्माण की एक नई सुविधा स्थापित की गई थी। Zydus Cadila ने इस वैक्सीन को विकसित करने के लिए 400 करोड़ रुपये से 500 करोड़ रुपये का निवेश किया है।

वैक्सीन की प्रभावकारिता

अंतरिम विश्लेषण में, Zydus Cadila रोगसूचक (symptomatic) RT-PCR सकारात्मक मामलों के लिए 66.6% कुशल पाया गया है। तीसरी खुराक देने के बाद COVID-19 बीमारी का कोई सामान्य मामला नहीं देखा गया। यह मध्यम बीमारी के खिलाफ 100% प्रभावकारिता दिखाता है।